Tuesday , March 10 2026

सदन में किसी शब्द के इस्तेमाल पर पाबंदी नहीं : ओम बिरला…

सदन में किसी शब्द के इस्तेमाल पर पाबंदी नहीं : ओम बिरला…

नई दिल्ली, 14 जुलाई । लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने गुरुवार को स्पष्ट रूप से कहा कि संसद में ”किसी शब्द के इस्तेमाल पर पाबंदी नहीं” लगायी गयी है और पीठासीन अधिकारी का कार्य सदन की मर्यादाओं और सदस्यों के अधिकारों की रक्षा करना होता है। बिरला लोकसभा, राज्यसभा और देश की विभिन्न विधानसभाओं की कार्यवाही से विलोपित किए गए शब्दों के बारे में लोकसभा सचिवालय द्वारा जारी नई पुस्तिका से उठे विवाद पर विशेष रूप से आयोजित एक संवादाता सम्मेलन में कुछ स्पष्टीकरण दे रहे थे। उन्होंने इस विवाद को अनावश्यक बताते हुए कहा, सदनों में विलाेपित शब्दों की पुस्तिका पहले भी जारी होती रही है इसलिए वर्तमान विवाद का कोई अर्थ नहीं है। लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि पीठासीन अधिकारी सदन में चर्चा के दौरान प्रयुक्त शब्दों के विलोपन का निर्णय उसके संदर्भ को ध्यान में रखकर करते हैं और किसी सदस्य के वक्तव्य से किसी शब्द को विलोपित करने पर सदस्य को आपत्ति उठाने का भी अधिकार है। बिरला ने कहा, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता कोई नहीं छीन सकता, लेकिन चर्चाएं गरिमापूर्ण होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि संसद अपने नियम और प्रक्रियायें स्वयं निर्धारित करती है। सरकार उसे निर्देश नहीं देती और न ही उसने किसी शब्द पर कोई प्रतिबंध लगाया है।

सियासी मियार की रिपोर्ट